धर्म, अर्थ, काम एवं मोक्ष इस पुरुषार्थ चतुष्ठय की सिद्धि के लिए सर्वप्रथम शरीर का स्वस्थ एवं निरोग रहना नितान्त आवश्यक है। रोगों से आक्रान्त शरीर के द्वारा कोई भी
अष्टमी के दिन चार नन्हीं परियों को इधर से उधर दौड़ते-भागते देखा तो मन अतीत में लौट गया। उस समय हम भी इसी तरह इस घर से उस घर में
यह एक अत्यंत कष्टप्रद रोग है। ‘अरिवत् प्राणान् श्रृणाति हिनस्ति’,
उद्योग विहीन पहाड़ों में आजीविका के दो ही साधन हैं,
सामग्री- विधि- भडू एक विशेष प्रकार का बर्तन होता है
मध्य हिमालय की गोद में बसा हुआ भूखण्ड गढ़वाल ख्याति
सामग्री– विधि– पोषक मूल्य– चने के फांणू में निम्न पोषक
सामग्री- विधि- पोषक मूल्य- पटौड़ी में निम्न पोषक तत्व पाए